Himachal Pradesh : हिमाचल में हुई तबाही लोगो के लिए एक भयावह साबित हुई। मंडी जिले में सोमवार की रात को आसमान से बरसी आफत। नींद में सोए लोगों पर कहर इस कद्र बरपा कि देखते ही देखते सैलाब सबकुछ बहा ले गया। आंखों में आंसू और जान बचाने की जद्दोजहद में लोग अपना सब कुछ छोड़ घरों से भागने पर मजबूर हो गए।

Himachal Pradesh मंडी में 15 जगह फटे बादल
हिमाचल में बाढ़ ने हर तरफ कोहराम मचा रखा है। मंडी जिले में सोमवार रात को आसमान से बरसी आफत ने लोगों को नींद में ही ऐसा दर्द दिया कि देखते ही देखते सब कुछ सैलाब में बह गया । तेज वर्षा व बादल फटने से नदी-नालों के कहर से लोग वर्षों तक उबर नहीं पाएंगे। आंखों में आंसू और जान बचाने की जद्दोजहद में लोग अपना सब कुछ छोड़ घरों से भागने पर मजबूर हो गए। प्रदेश में 17 जगह बादल फटे। जिनमे सबसे अधिक 15 बादल मंडी जिले में फटे। जबकि कुल्लू और किन्नौर जिले में एक-एक जगह बादल फटे। बादल फटने, लगातार बारिश और भूस्खलन से सबसे ज्यादा नुकसान जिला मंडी में हुआ है। कई घर मलबे में बदल गए और ब्यास नदी का पानी रिहायशी इलाकों में घुसने से चारों तरफ अफरातफरी मच गई। मंडी में 16 लोगों समेत पूरे प्रदेश में 18 लोगो की जान चली गई है। इसके अलावा,33 लोग अभी भी लापता हैं और दर्जनों लोग घायल हुए हैं। राहत और बचाव दल ने 332 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला है,जिससे उनकी जान बच सकी। अकेले मंडी जिले में 24 घर और 12 गोशालाएं जमींदोज हो गई हैं। 30 पशुओं की मौत हो गई है। कुकलाह के समीप पटीकरी प्रोजेक्ट बह गया है। कई पुल ध्वस्त हो गए हैं।
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